गोवंश संरक्षण को लेकर सरकार उठाए ठोस कदम – जन संघर्ष मोर्चा

विकासनगर: जन संघर्ष मोर्चा के अध्यक्ष एवं जीएमवीएन के पूर्व उपाध्यक्ष रघुनाथ सिंह नेगी ने सरकार से मांग की है कि गोवंश को राज्य पशु घोषित किया जाए और इसके संरक्षण के लिए सख्त कदम उठाए जाएं। उन्होंने कहा कि जिस तरह से गोवंश की हत्याएं हो रही हैं, वह न केवल चिंताजनक है, बल्कि समाज में असंतोष भी पैदा कर रही हैं। इसे रोकने के लिए सरकार को कड़े कानून बनाने और उनका सख्ती से पालन सुनिश्चित करने की जरूरत है।
गोवंश हत्या एवं अवैध परिवहन पर कठोर दंड आवश्यक
नेगी ने कहा कि यदि सरकार वास्तव में गोवंश संरक्षण के प्रति गंभीर है, तो इसे हत्या एवं अवैध परिवहन में लिप्त लोगों के खिलाफ कठोर दंड का प्रावधान करना होगा। उन्होंने सुझाव दिया कि यदि गोवंश को राज्य पशु घोषित किया जाता है, तो इसके हत्यारों पर हत्या जैसी संगीन धाराओं में मुकदमा दर्ज होना चाहिए। इसके अलावा, इस अवैध कारोबार में संलिप्त पुलिसकर्मियों के खिलाफ भी कड़ी कार्रवाई की जानी चाहिए।
ब्लॉक स्तर पर गौशालाओं की स्थापना हो
नेगी ने कहा कि सरकार सिर्फ कानून बनाकर अपनी जिम्मेदारी से नहीं बच सकती। गोवंश की वास्तविक सुरक्षा के लिए ब्लॉक स्तर पर गौशालाओं की स्थापना अनिवार्य की जानी चाहिए। उन्होंने बताया कि सड़क किनारे गोवंश को प्लास्टिक, नुकीले कांच व अन्य हानिकारक चीजें खाते हुए देखना आम बात हो गई है, लेकिन इस ओर न तो सरकार ध्यान देती है और न ही गोवंश संरक्षण की बातें करने वाले लोग।
गोवंश से जुड़ी समस्याओं पर सरकार करे विचार
नेगी ने यह भी कहा कि गोवंश एवं अन्य आवारा पशुओं के कारण किसानों की फसलें बर्बाद हो रही हैं, और सड़कों पर दुर्घटनाओं का खतरा भी बना रहता है। इस समस्या का हल निकालने के लिए सरकार को व्यापक स्तर पर गौशालाओं की व्यवस्था करनी होगी।
मोर्चा जल्द ही इस मुद्दे को लेकर सरकार के समक्ष अपनी मांगें रखेगा और गोवंश संरक्षण के लिए ठोस कदम उठाने हेतु दबाव बनाएगा।
पत्रकार वार्ता में विजय राम शर्मा, प्रवीण शर्मा पिन्नी और संतोष शर्मा मौजूद रहे।